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पूर्व प्रधानमंत्री गुजराल के बेटे से ₹7.80 करोड़ की साइबर ठगी : जांच में जुटी दिल्ली पुलिस

Munesh Kumar Shukla Fri, Jun 19, 2026

देश में बढ़ते साइबर अपराधों के बीच एक और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल के पुत्र और पूर्व राज्यसभा सांसद नरेश कुमार गुजराल कथित तौर पर ₹7.80 करोड़ की साइबर ठगी का शिकार हो गए हैं। इस मामले में दिल्ली पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच के अनुसार साइबर अपराधियों ने व्हाट्सएप पर नरेश गुजराल की तस्वीर और पहचान का दुरुपयोग कर उनके स्टाफ को धोखे में लिया और कई चरणों में बड़ी धनराशि ट्रांसफर करवा ली।

पुलिस सूत्रों के अनुसार अपराधियों ने बेहद योजनाबद्ध तरीके से इस धोखाधड़ी को अंजाम दिया। उन्होंने व्हाट्सएप पर ऐसा अकाउंट बनाया जो देखने में पूरी तरह नरेश गुजराल का प्रतीत होता था। इसके बाद स्टाफ से तत्काल वित्तीय जरूरत का हवाला देकर अलग-अलग खातों में धनराशि भेजने को कहा गया। चूंकि संदेश परिचित व्यक्ति के नाम और तस्वीर के साथ आया था, इसलिए कर्मचारियों को शुरुआत में किसी धोखाधड़ी का संदेह नहीं हुआ।

मामले का खुलासा तब हुआ जब धनराशि के लेन-देन की पुष्टि के दौरान असामान्य गतिविधियों का पता चला। शिकायत मिलने के बाद दिल्ली पुलिस की साइबर सेल सक्रिय हुई और जांच शुरू कर दी गई। अधिकारियों ने बताया कि अब तक लगभग ₹4 करोड़ की राशि विभिन्न बैंक खातों में फ्रीज कर दी गई है और शेष धनराशि की ट्रैकिंग जारी है।

साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि यह मामला सोशल इंजीनियरिंग और पहचान की चोरी का गंभीर उदाहरण है। अपराधी अब तकनीकी हैकिंग के साथ-साथ लोगों के भरोसे का फायदा उठाकर भी बड़ी धोखाधड़ी कर रहे हैं। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि किसी भी बड़े वित्तीय लेन-देन से पहले फोन कॉल या अन्य माध्यम से पहचान की पुष्टि अवश्य करनी चाहिए।

यह घटना दर्शाती है कि साइबर अपराधी अब केवल आम नागरिकों को ही नहीं, बल्कि सार्वजनिक जीवन से जुड़े प्रतिष्ठित व्यक्तियों को भी निशाना बना रहे हैं। पुलिस को उम्मीद है कि डिजिटल साक्ष्यों और बैंकिंग रिकॉर्ड की मदद से आरोपियों तक जल्द पहुंचा जा सकेगा।