Advertisment

26 जनवरी 2026 से e paper tv भारतवर्ष पढ़े हर रोज

12th June 2026

BREAKING NEWS

रोजगार, कौशल विकास और उद्यमिता पर केंद्रित रही चर्चा

भारत को सस्ते तेल की पेशकश से बदले समीकरण

पीएम मोदी बोले- तकनीक और योजनाओं से बदल रही ग्रामीण अर्थव्यवस्था

वायरल वीडियो ने सहमति और महिलाओं के सम्मान पर छेड़ी बहस

संसदीय समिति को दिए गए सुरक्षा के भरोसे

TMC में इस्तीफों की हैट्रिक : राज्यसभा सांसद प्रकाश चिक बराइक ने छोड़ी सदस्यता

Munesh Kumar Shukla Fri, Jun 12, 2026

तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) को एक और बड़ा राजनीतिक झटका तब लगा जब राज्यसभा सांसद प्रकाश चिक बराइक ने उच्च सदन की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। इस सप्ताह पार्टी से इस्तीफा देने वाले वह तीसरे सांसद बन गए हैं, जिससे पश्चिम बंगाल की राजनीति में नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं। लगातार हो रहे इस्तीफों ने न केवल पार्टी नेतृत्व के सामने चुनौती खड़ी की है, बल्कि विपक्ष को भी टीएमसी पर हमला करने का अवसर दे दिया है।

सूत्रों के अनुसार, प्रकाश चिक बराइक ने राज्यसभा के सभापति सी.पी. राधाकृष्णन से मुलाकात कर अपना इस्तीफा सौंपा। अपने पत्र में उन्होंने तत्काल प्रभाव से इस्तीफा स्वीकार करने का अनुरोध किया। साथ ही उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान मिले सहयोग के लिए सभापति, उपसभापति और राज्यसभा सचिवालय के अधिकारियों का आभार भी व्यक्त किया। हालांकि इस्तीफे के पीछे के कारणों का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया गया है।

राजनीतिक गलियारों में इस घटनाक्रम को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। विपक्ष का आरोप है कि टीएमसी के भीतर असंतोष बढ़ रहा है और यही वजह है कि लगातार सांसद पार्टी से दूरी बना रहे हैं। भाजपा और कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि यह घटनाक्रम पार्टी संगठन में आंतरिक मतभेदों और नेतृत्व को लेकर बढ़ती नाराजगी का संकेत हो सकता है।

दूसरी ओर, टीएमसी नेताओं ने इन आरोपों को खारिज किया है। पार्टी का कहना है कि इस्तीफा व्यक्तिगत कारणों से दिया गया है और इसे संगठनात्मक संकट के रूप में प्रस्तुत करना गलत है। पार्टी नेतृत्व का दावा है कि टीएमसी पहले की तरह मजबूत है और सांसदों के व्यक्तिगत निर्णयों का पार्टी की राजनीतिक स्थिति पर कोई असर नहीं पड़ेगा।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि एक ही सप्ताह में तीन राज्यसभा सांसदों का इस्तीफा किसी भी राजनीतिक दल के लिए चिंता का विषय हो सकता है। इससे पार्टी की संसदीय रणनीति और संगठनात्मक मजबूती को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है। हालांकि यह भी संभव है कि प्रत्येक इस्तीफे के पीछे अलग-अलग परिस्थितियां हों।

आने वाले दिनों में यदि पार्टी नेतृत्व इस मुद्दे पर विस्तृत स्पष्टीकरण देता है, तो स्थिति और स्पष्ट हो सकती है। फिलहाल टीएमसी के भीतर जारी घटनाक्रम पर पूरे देश की राजनीतिक नजर बनी हुई है।

विज्ञापन

जरूरी खबरें