उन्नाव : पैसे न देने पर मां की रॉड से हत्या
Sun, Feb 8, 2026
उन्नाव के गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के कंजा खेड़ा गांव में बीते शुक्रवार दोपहर एक दर्दनाक घटना हुई। शांति देवी पत्नी रामकुमार घर के बाहर मंजन कर रही थीं, तभी उनके छोटे बेटे राजन से किसी बात को लेकर विवाद हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मामूली कहासुनी देखते ही देखते ताबड़तोड़ बहस में बदल गई और गुस्से में आकर राजन ने पास पड़ी लोहे की रॉड उठाकर मां के सिर पर कई वार कर दिए।
हमले के तुरंत बाद शांति देवी गंभीर रूप से घायल होकर वहीं गिर पड़ीं और सिर पर गंभीर चोटों के कारण मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही गंगाघाट कोतवाली पुलिस, अपर पुलिस अधीक्षक और फॉरेंसिक टीम घटनास्थल पर पहुंची। टीम ने साक्ष्य जुटाए और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतका के बड़े बेटे राजेश कुमार की तहरीर पर पुलिस ने राजन के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया। आरोपी वारदात के बाद फरार था।
पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचना के आधार पर शनिवार को आरोपी राजन को आजाद मार्ग पर बदरका चौराहे से मरहला जाने वाले रास्ते पर बाबाकुटी के पास गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने कंजा खेड़ा आजाद मार्ग कट के पास झाड़ियों से हत्या में प्रयुक्त लोहे की रॉड भी बरामद की।
उन्नाव : शिव मंदिर की जमीन पर अवैध कब्जा, तहसील परिसर में ग्रामीणों का हंगामा
Sat, Feb 7, 2026
उन्नाव में शिव मंदिर की जमीन पर अवैध कब्जे और निर्माण के विरोध में शनिवार को 50 से अधिक ग्रामीणों ने सदर तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि भूमाफिया उनकी धार्मिक आस्था से जुड़े मंदिर की जमीन पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने "मंदिर की जमीन पर कब्जा नहीं चलेगा" और "जय श्रीराम" के नारे लगाए। उन्होंने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि वे कोतवाली सदर क्षेत्र के ग्राम लोधनहार और आसपास के गांवों के निवासी हैं। उन्होंने वर्षों पहले सामूहिक सहयोग से इस शिव मंदिर की स्थापना की थी, जिससे क्षेत्र के लोगों की गहरी धार्मिक आस्था जुड़ी है। ग्रामीणों के अनुसार, यह घटना 13 मई 2013 की है। गांव लोधनहार निवासी जसवंत और बउत्वा, जो मेवालाल के पुत्र हैं, ने कथित तौर पर मंदिर परिसर में नींव खुदवाकर निर्माण कार्य शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने अभद्र भाषा का प्रयोग किया और जान से मारने की धमकी भी दी। प्रदर्शन में शामिल राम प्रसाद, लल्लू और रामऔतार सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि मंदिर परिसर एक सार्वजनिक धार्मिक स्थल है। इस पर किसी भी प्रकार का निजी निर्माण पूरी तरह अवैध है। ग्रामीणों का कहना है कि इसके बावजूद निर्माण कार्य जारी है, जिससे क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों ने सदर तहसील प्रशासन को एक लिखित प्रार्थना पत्र सौंपा। उन्होंने मांग की कि जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर में हो रहे अवैध निर्माण को तुरंत रोका जाए और आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाए। धरना-प्रदर्शन की सूचना मिलने पर तहसील प्रशासन ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
उन्नाव : निकली भगवान शोभायात्रा
Sat, Feb 7, 2026
उन्नाव जनपद के गोपीनाथपुरम क्षेत्र में स्थित श्री खाटू श्याम मंदिर समिति द्वारा भगवान जगन्नाथ की भव्य शोभायात्रा का आयोजन पूरे श्रद्धा और उत्साह के साथ किया गया। इस धार्मिक आयोजन ने क्षेत्र में भक्तिमय वातावरण बना दिया, जहां हर ओर भगवान जगन्नाथ के जयकारे और भजनों की गूंज सुनाई दे रही थी। शोभायात्रा की शुरुआत मंदिर परिसर में विधिवत पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठानों के साथ की गई। पूजा संपन्न होने के बाद भगवान जगन्नाथ की सुसज्जित प्रतिमा को रथ पर विराजमान कर यात्रा आरंभ की गई, जिसमें सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।शोभायात्रा में गाजे-बाजे, ढोल-नगाड़ों और पारंपरिक वाद्य यंत्रों की मधुर ध्वनि के बीच भक्त भगवान जगन्नाथ के जयघोष लगाते हुए आगे बढ़ रहे थे। यात्रा मंदिर परिसर से निकलकर राजधानी मार्ग होते हुए श्री दुर्गा मंदिर तक पहुंची। पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं का उत्साह देखने योग्य था। जगह-जगह स्थानीय लोगों और भक्तों द्वारा पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का भव्य स्वागत किया गया। कई स्थानों पर श्रद्धालु हाथों में फूल, धूप और अगरबत्ती लेकर भगवान जगन्नाथ की आरती करते नजर आए।शोभायात्रा में महिलाओं की विशेष सहभागिता रही। महिलाएं पारंपरिक परिधानों में सजी-धजी भजन-कीर्तन करती हुई पूरे उत्साह के साथ यात्रा में शामिल थीं। उनके द्वारा गाए जा रहे भक्ति गीतों से वातावरण और भी अधिक भक्तिमय हो गया। वहीं युवा वर्ग भी आयोजन में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेता दिखाई दिया। युवाओं ने व्यवस्था संभालने, श्रद्धालुओं को मार्गदर्शन देने और अनुशासन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।शोभायात्रा जब श्री दुर्गा मंदिर पहुंची, तो वहां देवी मां की विधिवत पूजा-अर्चना की गई। श्रद्धालुओं ने देवी मां से सुख-समृद्धि और शांति की कामना की। पूजा संपन्न होने के बाद शोभायात्रा पुनः उसी श्रद्धा और उल्लास के साथ वापस श्री खाटू श्याम मंदिर परिसर की ओर लौटी। मंदिर परिसर पहुंचने पर श्रद्धालुओं के लिए भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। भंडारे की व्यवस्था सुचारू रूप से की गई, जिससे सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद प्राप्त हो सका।इस पूरे आयोजन को सफल बनाने में श्री खाटू श्याम मंदिर समिति के सदस्यों और स्वयंसेवकों का विशेष योगदान रहा। समिति के सदस्यों ने व्यवस्था, स्वच्छता और सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी संभाली, जिससे किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं हुई। श्रद्धालुओं ने भी अनुशासन बनाए रखते हुए आयोजन को सफल बनाया।श्री खाटू श्याम मंदिर समिति के पदाधिकारियों ने इस अवसर पर जानकारी देते हुए बताया कि निकट भविष्य में मंदिर प्रांगण में भगवान जगन्नाथ स्वामी की प्राण प्रतिष्ठा का भव्य समारोह आयोजित किया जाएगा। उन्होंने क्षेत्रवासियों और श्रद्धालुओं से इस पावन अवसर पर अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर आयोजन को सफल बनाने की अपील की।