उन्नाव : सड़क हादसे में मजदूर की मौत, परिजनों ने मुआवजे की मांग की
Mon, Feb 9, 2026
उन्नाव: जनपद के पुरवा थाना क्षेत्र में स्थित मिर्री चौराहा पर हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में 53 वर्षीय मजदूर की मौत हो गई। इस घटना से इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल है। हादसा उस समय हुआ जब एक तेज रफ्तार छोटे हाथी वाहन ने सड़क किनारे खड़े मजदूर को जोरदार टक्कर मार दी। गंभीर रूप से घायल मजदूर को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने वाहन चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई और मुआवजे की मांग की है।मृतक की पहचान पुरवा थाना क्षेत्र के टिकरकला गांव निवासी रमाकांत पुत्र शिवप्रसाद के रूप में हुई है। रमाकांत पेशे से मजदूर थे और पल्लेदारी का काम करके अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनके परिवार में पत्नी मंजू देवी और एक बेटा नितिन पाल हैं। रमाकांत ही परिवार के एकमात्र कमाने वाले सदस्य थे। उनकी अचानक मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और आर्थिक संकट भी गहरा गया है।प्रत्यक्षदर्शियों और परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा मिर्री चौराहा पर उस समय हुआ जब रमाकांत सड़क किनारे खड़े थे। उसी दौरान सामने से आ रहे एक छोटे हाथी वाहन ने नियंत्रण खोते हुए उन्हें टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि रमाकांत उछलकर सड़क पर गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आसपास मौजूद लोग तुरंत उनकी मदद के लिए दौड़े।घटना के समय वहां मौजूद सोहन लाल ने तत्काल रमाकांत के भाई श्रीराम को फोन कर हादसे की जानकारी दी। सूचना मिलते ही परिजन और स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे। गंभीर हालत में पड़े रमाकांत को आनन-फानन में पुरवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के दौरान डॉक्टरों ने उनकी हालत को बेहद नाजुक बताया और बेहतर इलाज के लिए उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान रमाकांत ने दम तोड़ दिया।रमाकांत की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पत्नी मंजू देवी का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं बेटे नितिन पाल पर दुखों का गहरा असर पड़ा है। परिजनों ने बताया कि रमाकांत परिवार की आजीविका का एकमात्र सहारा थे। उनकी मृत्यु के बाद परिवार के सामने रोजी-रोटी का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। परिजनों और ग्रामीणों ने प्रशासन से आर्थिक सहायता और उचित मुआवजा दिए जाने की मांग की है।हादसे के बाद स्थानीय लोगों में भी रोष देखने को मिला। लोगों का कहना है कि मिर्री चौराहा पर आए दिन तेज रफ्तार वाहनों के कारण हादसे होते रहते हैं, लेकिन प्रशासन द्वारा कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा रहा है। ग्रामीणों ने मांग की कि इस चौराहे पर यातायात नियंत्रण के लिए उचित व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके। घटना की सूचना मिलने पर पुरवा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने परिजनों को आश्वासन दिया है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी। पुरवा थाना पुलिस के अनुसार, छोटे हाथी वाहन की पहचान की जा रही है और चालक के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिक प्रक्रिया पूरी की जाएगी।पुलिस अधिकारियों ने कहा कि हादसे के लिए जिम्मेदार व्यक्ति को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
उन्नाव : पैसे न देने पर मां की रॉड से हत्या
Sun, Feb 8, 2026
उन्नाव के गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के कंजा खेड़ा गांव में बीते शुक्रवार दोपहर एक दर्दनाक घटना हुई। शांति देवी पत्नी रामकुमार घर के बाहर मंजन कर रही थीं, तभी उनके छोटे बेटे राजन से किसी बात को लेकर विवाद हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मामूली कहासुनी देखते ही देखते ताबड़तोड़ बहस में बदल गई और गुस्से में आकर राजन ने पास पड़ी लोहे की रॉड उठाकर मां के सिर पर कई वार कर दिए।
हमले के तुरंत बाद शांति देवी गंभीर रूप से घायल होकर वहीं गिर पड़ीं और सिर पर गंभीर चोटों के कारण मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही गंगाघाट कोतवाली पुलिस, अपर पुलिस अधीक्षक और फॉरेंसिक टीम घटनास्थल पर पहुंची। टीम ने साक्ष्य जुटाए और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मृतका के बड़े बेटे राजेश कुमार की तहरीर पर पुलिस ने राजन के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया। आरोपी वारदात के बाद फरार था।
पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिरों की सूचना के आधार पर शनिवार को आरोपी राजन को आजाद मार्ग पर बदरका चौराहे से मरहला जाने वाले रास्ते पर बाबाकुटी के पास गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने कंजा खेड़ा आजाद मार्ग कट के पास झाड़ियों से हत्या में प्रयुक्त लोहे की रॉड भी बरामद की।
उन्नाव : शिव मंदिर की जमीन पर अवैध कब्जा, तहसील परिसर में ग्रामीणों का हंगामा
Sat, Feb 7, 2026
उन्नाव में शिव मंदिर की जमीन पर अवैध कब्जे और निर्माण के विरोध में शनिवार को 50 से अधिक ग्रामीणों ने सदर तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि भूमाफिया उनकी धार्मिक आस्था से जुड़े मंदिर की जमीन पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। प्रदर्शनकारी ग्रामीणों ने "मंदिर की जमीन पर कब्जा नहीं चलेगा" और "जय श्रीराम" के नारे लगाए। उन्होंने प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि वे कोतवाली सदर क्षेत्र के ग्राम लोधनहार और आसपास के गांवों के निवासी हैं। उन्होंने वर्षों पहले सामूहिक सहयोग से इस शिव मंदिर की स्थापना की थी, जिससे क्षेत्र के लोगों की गहरी धार्मिक आस्था जुड़ी है। ग्रामीणों के अनुसार, यह घटना 13 मई 2013 की है। गांव लोधनहार निवासी जसवंत और बउत्वा, जो मेवालाल के पुत्र हैं, ने कथित तौर पर मंदिर परिसर में नींव खुदवाकर निर्माण कार्य शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने अभद्र भाषा का प्रयोग किया और जान से मारने की धमकी भी दी। प्रदर्शन में शामिल राम प्रसाद, लल्लू और रामऔतार सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि मंदिर परिसर एक सार्वजनिक धार्मिक स्थल है। इस पर किसी भी प्रकार का निजी निर्माण पूरी तरह अवैध है। ग्रामीणों का कहना है कि इसके बावजूद निर्माण कार्य जारी है, जिससे क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों ने सदर तहसील प्रशासन को एक लिखित प्रार्थना पत्र सौंपा। उन्होंने मांग की कि जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर में हो रहे अवैध निर्माण को तुरंत रोका जाए और आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाए। धरना-प्रदर्शन की सूचना मिलने पर तहसील प्रशासन ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।