Advertisment

26 जनवरी 2026 से e paper tv भारतवर्ष पढ़े हर रोज

13th August 2026

BREAKING NEWS

TV Bharatvarsh E Paper 14-08-2026

TV Bharatvarsh E Paper 13-08-2026

TV Bharatvarsh E Paper 12-08-2026

TV Bharatvarsh E Paper 11-08-2026

परिसीमन बिल पर समर्थन की अटकलों से गरमाई महाराष्ट्र की सियासत

लखनऊ : लखनऊ विश्वविद्यालय में लाल बारादरी सील होने के विरोध में छात्रों ने प्रदर्शन किया

Munesh Kumar Shukla Thu, Feb 26, 2026

लखनऊ विश्वविद्यालय में लाल बारादरी को सील करने के विरोध में आज बापसा, भाकपा माले और आइसा के छात्रों ने जोरदार प्रदर्शन किया। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा परिसर में प्रदर्शन पर रोक लगाए जाने के कारण छात्रों ने परिवर्तन चौक से स्वास्थ्य भवन चौराहे तक पैदल मार्च निकाला। इस दौरान मुस्लिम समुदाय के लोगों ने भी छात्रों के समर्थन में हिस्सा लिया।मार्च के दौरान छात्रों और पुलिस के बीच कई बार नोकझोंक देखने को मिली। सिटी मजिस्ट्रेट ज्ञान गुप्ता स्वास्थ्य भवन चौराहे पर पहुंचकर प्रदर्शनकारियों का ज्ञापन लिया, जिसके बाद प्रदर्शन समाप्त कर दिया गया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि लखनऊ विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का अड्डा बना दिया गया है। उनका आरोप है कि संघ प्रमुख मोहन भागवत के कार्यक्रम के बाद लाल बारादरी को सील किया गया।इससे पहले 25 फरवरी की रात तौकील गाजी ने इस मामले में एक वीडियो जारी किया था। वीडियो में उन्होंने कहा था कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने लाल बारादरी पर ताला लगा दिया है। उन्होंने यह भी बताया कि विरोध में छात्रों ने लगातार दो दिन तक विश्वविद्यालय परिसर में धरना दिया। प्रॉक्टर ने बातचीत के दौरान छात्रों को दो दिन का समय दिया था, लेकिन वह अवधि समाप्त हो चुकी है।विश्वविद्यालय प्रशासन ने ताला खोलने या फिर स्थिति को सामान्य करने को लेकर कोई नोटिस जारी नहीं किया है और न ही छात्रों से दोबारा कोई बातचीत की गई है। 25 फरवरी को विश्वविद्यालय प्रशासन ने नोटिस जारी कर परिसर में किसी भी प्रकार के धरना, प्रदर्शन और अन्य गतिविधियों पर रोक लगा दी थी।छात्र संगठन का आरोप है कि प्रशासन ने लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन किया है और लाल बारादरी को राजनीतिक और धार्मिक एजेंडे के तहत बंद किया गया है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन का यह कदम छात्रों की आवाज को दबाने की कोशिश है।विशेषज्ञों का कहना है कि विश्वविद्यालय परिसर में किसी भी तरह के कार्यक्रम और सांस्कृतिक गतिविधियों पर इस तरह की रोक से छात्रों में असंतोष बढ़ सकता है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन लाल बारादरी को तुरंत खोलने या मुद्दे पर बातचीत नहीं करता है, तो वे आंदोलन को और व्यापक रूप देंगे।इस प्रदर्शन ने लखनऊ विश्वविद्यालय में प्रशासन और छात्रों के बीच बढ़ते तनाव को उजागर किया है। प्रशासन ने फिलहाल सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है और परिसर में सतर्कता बढ़ा दी है।