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स्पेन : ईरान पर कार्रवाई में शामिल नहीं होगा स्पेन,अमेरिका को सैन्य अड्डे इस्तेमाल करने से रोका

Munesh Kumar Shukla Mon, Mar 2, 2026

तीसरे दिन भी इजराइल-यूएस और ईरान के बीच जंग जारी है। इस बीच स्पेन ने अमेरिका को अपने सैन्य अड्डों का इस्तेमाल ईरान के खिलाफ कार्रवाई के लिए करने से रोक दिया। स्पेन के विदेश मंत्री जोसे मैनुअल अल्बारेस ने कहा कि स्पेनिश बेस इस ऑपरेशन के लिए उपयोग में नहीं लाए जा रहे हैं और न ही किसी सैन्य कार्रवाई में इस्तेमाल होंगे।स्पेन के इस फैसले के बाद रोटा और मोरॉन एयरबेस से 15 अमेरिकी विमान वापस लौट गए। ये अड्डे अमेरिका की रणनीतिक योजना में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे थे, क्योंकि इनसे मिसाइल ठिकानों और अन्य सैन्य लक्ष्यों पर हवाई हमले किए जा सकते थे। स्पेन के इस कदम से अमेरिका की ऑपरेशन क्षमता पर असर पड़ सकता है और मध्य-पूर्व में तनाव और बढ़ सकता है।साथ ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ब्रिटेन पर भी नाराजगी जताई। अमेरिका युद्ध के पहले दिन ही ब्रिटिश बेस डिएगो गॉर्सिया से ईरान पर हमला करना चाहता था। लेकिन ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने 48 घंटे बाद अमेरिका को सीमित परमिशन दी, जिसमें केवल ईरान के मिसाइल ठिकानों को निशाना बनाने की अनुमति थी। ट्रम्प ने कहा कि वे इस देरी और प्रतिबंध से बेहद निराश हैं।विशेषज्ञों का मानना है कि स्पेन और ब्रिटेन के ऐसे कदम अमेरिका की रणनीति और मध्य-पूर्व में स्थिरता को प्रभावित कर सकते हैं। इसके अलावा, वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा पर भी इन निर्णयों के प्रत्यक्ष प्रभाव पड़ने की संभावना है। फिलहाल अमेरिका ने सैन्य और कूटनीतिक विकल्पों पर विचार शुरू कर दिया है । विशेषज्ञों का कहना है कि स्पेन और ब्रिटेन की यह पॉलिसी अमेरिका को सीधे हमले के लिए सीमित करती है और ऑपरेशन की गति को प्रभावित कर सकती है।इससे न केवल सैन्य रणनीति पर असर पड़ेगा, बल्कि क्षेत्रीय देशों के बीच तनाव और बढ़ने का खतरा भी है।वैश्विक निवेशक और तेल बाजार इस बीच सतर्क नजर आ रहे हैं, क्योंकि मध्य-पूर्व में बढ़ते तनाव से ऊर्जा आपूर्ति और क्रूड प्राइस में उछाल की संभावना है।