मायावती : मायावती का विपक्ष पर तीखा हमला,सत्ता से दूर रखने की रची जा रही है साजिश
Munesh Kumar Shukla Wed, Feb 18, 2026
उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों की आहट के बीच बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने अपनी राजनीतिक सक्रियता तेज कर दी है। इसी क्रम में बसपा प्रमुख मायावती ने बुधवार को पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित करते हुए विपक्षी दलों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आ रहे हैं, राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी बसपा को सत्ता से दूर रखने के लिए नई-नई साजिशें रच रहे हैं और विभिन्न हथकंडे अपना रहे हैं।एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए मायावती ने अपने समर्थकों को सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि पार्टी को कमजोर करने के लिए योजनाबद्ध तरीके से प्रयास किए जा रहे हैं, इसलिए कार्यकर्ताओं को हर स्तर पर सावधान और संगठित रहना होगा। उन्होंने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश ही नहीं, बल्कि देशभर में अंबेडकरवादी विचारधारा से जुड़े लोगों को एकजुट होकर अपने आत्मसम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए।मायावती ने डॉ. बाबासाहेब अंबेडकर के आंदोलन को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि आत्मसम्मान की प्राप्ति और सामाजिक न्याय के लिए निरंतर संघर्ष जरूरी है। उन्होंने राज्य और देश के सभी अंबेडकरवादियों से आह्वान किया कि वे एकजुट होकर आंदोलन को नई ऊर्जा दें। उनका कहना था कि चुनावी माहौल में विरोधी दल भ्रम फैलाने और बसपा के जनाधार को प्रभावित करने की कोशिश कर सकते हैं, इसलिए संगठनात्मक मजबूती समय की मांग है।उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आएंगे, विरोधियों के प्रयास और तेज होंगे। “हमें सत्ता से दूर रखने के लिए हमारे खिलाफ साजिशें रची जाएंगी। ऐसे में पार्टी कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है कि वे जमीनी स्तर पर लोगों के बीच जाकर पार्टी की नीतियों और विचारधारा को मजबूती से रखें,” उन्होंने कहा।2027 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए बसपा ने राज्य स्तरीय बैठक आयोजित करने का निर्णय लिया है। इस बैठक में पार्टी की आगामी रणनीति, संगठनात्मक ढांचे को मजबूत करने और चुनावी तैयारियों की समीक्षा पर चर्चा की जाएगी। मायावती ने बताया कि चुनाव के लिए अब अधिक समय शेष नहीं है, इसलिए कार्यकर्ताओं को स्पष्ट दिशा-निर्देश देने के उद्देश्य से यह महत्वपूर्ण बैठक बुलाई गई है।उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि चल रहे एसआईआर (SIR) अभ्यास के कारण पार्टी के कुछ कार्यक्रमों में देरी हुई है, लेकिन संगठन इसे शीघ्र पूरा करने के लिए आवश्यक कदम उठा रहा है।
विज्ञापन