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महाराष्ट्र : राज्यसभा अटकलों के बीच गरमाई महाराष्ट्र सियासत, शरद पवार को लेकर संजय राउत का बड़ा बयान

Munesh Kumar Shukla Sat, Feb 14, 2026

महाराष्ट्र की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है और केंद्र में हैं राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के वरिष्ठ नेता शरद पवार। शिवसेना (यूबीटी) के राज्यसभा सांसद संजय राउत के हालिया बयान के बाद राज्य में सियासी चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। राउत ने दावा किया है कि एनसीपी (एसपी) प्रमुख शरद पवार आगामी राज्यसभा चुनाव लड़ना चाहते हैं और इस मुद्दे पर महा विकास अघाड़ी (एमवीए) के घटक दल आपस में चर्चा करेंगे।पिछले कुछ समय से महाराष्ट्र में गठबंधन राजनीति लगातार बदलते समीकरणों के कारण सुर्खियों में बनी हुई है। एनसीपी के भीतर दो धड़ों के अस्तित्व और उनके बीच संभावित विलय की चर्चाएं भी राजनीतिक गलियारों में चल रही थीं। हालांकि संजय राउत ने साफ कहा कि दोनों गुटों का विलय फिलहाल संभव नहीं दिखता। उनके अनुसार वैचारिक मतभेद और संगठनात्मक स्थितियां ऐसी हैं कि दोनों पक्षों का एक मंच पर आना आसान नहीं होगा।राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि शरद पवार की संभावित राज्यसभा उम्मीदवारी केवल एक चुनावी कदम नहीं, बल्कि व्यापक राजनीतिक रणनीति का हिस्सा भी हो सकती है। राज्यसभा में उनकी उपस्थिति विपक्षी दलों के लिए अनुभव और नेतृत्व का महत्वपूर्ण आधार बन सकती है। साथ ही यह भी संकेत माना जा रहा है कि एमवीए आगामी राजनीतिक परिस्थितियों के लिए खुद को संगठित करने की कोशिश कर रहा है।इस बयान के बाद महाराष्ट्र में यह चर्चा भी तेज हो गई है कि महा विकास अघाड़ी के भीतर सीट बंटवारे और समर्थन को लेकर किस प्रकार की सहमति बनती है। कांग्रेस और शिवसेना (यूबीटी) की भूमिका इस पूरे घटनाक्रम में अहम मानी जा रही है। यदि सभी दल एकमत होते हैं तो राज्यसभा चुनाव राज्य की राजनीति में नए समीकरण बना सकता है।फिलहाल आधिकारिक तौर पर किसी दल ने अंतिम निर्णय की घोषणा नहीं की है, लेकिन संजय राउत के बयान ने इतना स्पष्ट कर दिया है कि आने वाले दिनों में महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल और बढ़ सकती है। अब सभी की निगाहें एमवीए की बैठकों और दलों के अगले कदम पर टिकी हैं, जहां से राज्यसभा चुनाव और एनसीपी के भविष्य को लेकर स्थिति और स्पष्ट होगी।