Advertisment

26 जनवरी 2026 से e paper tv भारतवर्ष पढ़े हर रोज

28th March 2026

BREAKING NEWS

TV Bharatvarsh E Paper 29-03-2026

बॉम्बे हाई कोर्ट के जज से साइबर ठगी, जामताड़ा से आरोपी गिरफ्तार

अमित शाह ने ममता सरकार पर पेश की चार्जशीट

होर्मुज स्ट्रेट में तनाव के बीच भारत-बाउंड जहाजों की आवाजाही,

डिलीवरी टेम्पो से 27 सिलेंडर गायब, पुलिस जांच में जुटी

उन्नाव : गंगाघाट नगर पालिका में भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच शुरू, लोकायुक्त की टीम ने खंगाले रिकॉर्ड

Munesh Kumar Shukla Tue, Mar 17, 2026

उन्नाव के गंगाघाट नगर पालिका परिषद में भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोपों को लेकर जांच प्रक्रिया शुरू हो गई है। लोकायुक्त के निर्देश पर गठित तीन सदस्यीय टीम मंगलवार को नगर पालिका पहुंची और विभिन्न अभिलेखों की गहन जांच की।

यह कार्रवाई शिकायतकर्ता राजेंद्र गुप्ता द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद की गई है। उन्होंने आरोप लगाया था कि नगर पालिका में आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की नियुक्ति के दौरान नियमों की अनदेखी की गई और जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों ने अपने करीबी लोगों को लाभ पहुंचाया। शिकायत में यह भी कहा गया था कि नियुक्ति और भुगतान प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी रही और सरकारी धन के दुरुपयोग की आशंका है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए लोकायुक्त कार्यालय ने जांच के आदेश दिए, जिसके बाद हरदोई से तीन सदस्यीय टीम का गठन किया गया। इस टीम में जिला विकास अधिकारी कमलेश कुमार, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के अधिशासी अभियंता प्रदीप कुमार पाल और सीनियर ट्रेजरी ऑफिसर शामिल हैं।

जांच टीम ने नगर पालिका पहुंचकर संबंधित अधिकारियों से जरूरी दस्तावेज मांगे और आउटसोर्सिंग कर्मचारियों की नियुक्ति प्रक्रिया, भुगतान रजिस्टर, उपस्थिति रिकॉर्ड समेत अन्य वित्तीय दस्तावेजों की बारीकी से समीक्षा की। इसके साथ ही अधिकारियों और कर्मचारियों से पूछताछ भी की गई।

सूत्रों के अनुसार, टीम इस बात की जांच कर रही है कि क्या नियुक्तियों में नियमों का पालन किया गया या फिर किसी प्रकार का पक्षपात और अनियमितता बरती गई।

जांच के दौरान नगर पालिका परिसर में हलचल का माहौल बना रहा। कर्मचारी और अधिकारी अपने-अपने दस्तावेज प्रस्तुत करते नजर आए, जबकि स्थानीय लोग भी इस जांच पर नजर बनाए हुए हैं और निष्पक्ष कार्रवाई की उम्मीद कर रहे हैं।

अधिकारियों ने बताया कि जांच पूरी होने के बाद रिपोर्ट लोकायुक्त को सौंपी जाएगी। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी और यदि आरोप सही पाए गए, तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।

विज्ञापन

जरूरी खबरें