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13th May 2026

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TV Bharatvarsh E Paper 13-05-2026

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शुभेंदु अधिकारी के सहयोगी हत्याकांड की जांच अब CBI के हाथ

सीएम बनते ही विजय का बड़ा फैसला

22 लाख छात्रों का भविष्य संकट में

अपराध : जमीन पर फर्जी वरासत दर्ज कर की प्लाटिंग गवाह ने एसडीएम से की शिकायत

बिक्री के बाद हुआ आपसी विवाद, गवाह ने खोली पोल

पाटन (उन्नाव)। बीघापुर तहसील क्षेत्र के ग्राम बाजपेयी खेड़ा में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां भूमाफियाओं ने जीवित व्यक्ति को मृतक दर्शाकर उसकी भूमि पर कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर फर्जी वरासत दर्ज करा दी और फिर उक्त भूमि को प्लाटिंग कर बेच डाला। पूरे प्रकरण का खुलासा उस वक्त हुआ जब विक्रय इकरारनामा में गवाह रहे संगनखेड़ा निवासी रमाकांत पुत्र रामसजीवन ने बुधवार को उपजिलाधिकारी बीघापुर को शिकायती पत्र सौंपकर निष्पक्ष जांच की मांग की। रमाकांत ने बताया कि गाटा संख्या 103 (रकबा 0.7590 हे.) एवं गाटा संख्या 169 (रकबा 0.0690 हे.) की भूमि कल्लू व बनवारीलाल पुत्रगण दुलारे के नाम दर्ज थी। बनवारीलाल लगभग 35 वर्षों से घर से लापता है, लेकिन उसकी मृत्यु की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। आरोप है कि भू-माफियाओं ने बनवारीलाल के भाई कल्लू से साठगांठ कर उसका फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार करवाया और 26 अगस्त 2024 को लेखपाल व राजस्व निरीक्षक की मिलीभगत से वरासत कल्लू के नाम दर्ज करा दी। इसके बाद 30 दिसंबर 2024 को उक्त भूमि का विक्रय कर प्लाटिंग कर दी गई। मामले में आपसी विवाद बढ़ने पर गवाह रमाकांत सामने आए और पूरी सच्चाई उजागर की। उन्होंने प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच कराते हुए फर्जी वरासत को निरस्त करने और दोषियों पर कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। एसडीएम रणवीर सिंह ने बताया कि शिकायत पत्र प्राप्त हुआ है, मामले की जांच कराई जा रही है। दोषियों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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