42 साल बाद गिरफ्तारी : फिरोजाबाद में फरार वारंटी पुलिस के हत्थे चढ़ा
Sat, Apr 25, 2026
उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में पुलिस ने 42 साल से फरार चल रहे एक वारंटी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। आरोपी रतन उर्फ रतना (70) लंबे समय से अपनी पहचान छिपाकर गुमनाम जीवन जी रहा था।
पुलिस के अनुसार, वर्ष 1983 में गैर इरादतन हत्या के मामले में रतन और उसके साथी को जिला अदालत ने 6-6 साल की सजा सुनाई थी। इसके बाद 1984 में दोनों ने इलाहाबाद उच्च न्यायालय में अपील दाखिल की, जहां से उन्हें जमानत मिल गई। जमानत पर रिहा होने के बाद रतन फरार हो गया और कभी अदालत में पेश नहीं हुआ।
फरारी के दौरान उसने अपना ठिकाना बदल लिया और भीमनगर छोड़कर रामगढ़ के नारायण नगर में रहने लगा। यहां उसने अपनी पहचान पूरी तरह छुपा ली और मजदूरी कर सामान्य जीवन जीता रहा। हैरानी की बात यह है कि उसके परिवार को भी उसके अतीत की जानकारी नहीं थी।
पुलिस के लिए आरोपी को पकड़ना बड़ी चुनौती था, क्योंकि उसके पास न तो कोई फोटो थी और न ही पहचान से जुड़े दस्तावेज। सिर्फ पुराने रिकॉर्ड में दर्ज नाम के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की। करीब एक महीने तक सादे कपड़ों में इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया गया और घर-घर जाकर जानकारी जुटाई गई।
आखिरकार कई सुरागों को जोड़ते हुए पुलिस आरोपी तक पहुंच गई और उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद उसे अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया है, जबकि उसके साथी की पहले ही मृत्यु हो चुकी है।
भारत की अर्थव्यवस्था : विकास और चुनौतियों का दौर
Sat, Apr 25, 2026
भारत की अर्थव्यवस्था इस समय विकास और चुनौतियों के मिश्रित दौर से गुजर रही है। एक ओर जहां सरकार विभिन्न सुधारों के जरिए आर्थिक वृद्धि को गति देने का प्रयास कर रही है, वहीं दूसरी ओर रोजगार और महंगाई जैसे मुद्दे चिंता का विषय बने हुए हैं।
हाल के आंकड़ों के अनुसार, भारत की जीडीपी ग्रोथ दर संतोषजनक बनी हुई है, लेकिन इसे और मजबूत करने की आवश्यकता है। सरकार इंफ्रास्ट्रक्चर, डिजिटल इकोनॉमी और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में निवेश बढ़ा रही है, जिससे रोजगार के अवसर पैदा हो सकें।
हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि केवल नीतियां बनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन पर भी ध्यान देना जरूरी है। खासकर ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की जरूरत है।
इसके अलावा, वैश्विक परिस्थितियों का भी भारतीय अर्थव्यवस्था पर प्रभाव पड़ता है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में अस्थिरता, तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और व्यापारिक तनाव जैसे कारक भारत की आर्थिक स्थिति को प्रभावित कर सकते हैं।
चैटिंग के साथ मिलेगी नई सुविधा : WhatsApp पर अब मोबाइल रिचार्ज भी संभव
Fri, Apr 24, 2026
WhatsApp अब केवल चैटिंग तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह धीरे-धीरे एक ऑल-इन-वन डिजिटल प्लेटफॉर्म बनता जा रहा है। मेटा के इस लोकप्रिय मैसेजिंग ऐप में अब मोबाइल रिचार्ज की नई सुविधा शुरू की गई है, जिससे यूजर्स सीधे ऐप के भीतर ही अपने प्रीपेड नंबर को रिचार्ज कर सकेंगे।
इस नए फीचर के जरिए यूजर्स को किसी थर्ड पार्टी ऐप की जरूरत नहीं पड़ेगी। पहले से मौजूद UPI आधारित पेमेंट सुविधा के साथ अब मोबाइल रिचार्ज का विकल्प भी जोड़ दिया गया है। कंपनी ने इस फीचर को हाल ही में रोल आउट करना शुरू किया है, जो जल्द ही भारत के सभी यूजर्स के लिए उपलब्ध होगा। यह सुविधा Android और iOS दोनों प्लेटफॉर्म पर दी जा रही है।
इस फीचर का उपयोग करने के लिए यूजर्स को सबसे पहले अपने WhatsApp ऐप को लेटेस्ट वर्जन में अपडेट करना होगा। इसके बाद ऐप खोलकर होमस्क्रीन पर दिख रहे ‘₹’ आइकन पर टैप करना होगा। यहां ‘मोबाइल प्रीपेड रिचार्ज’ सेक्शन में जाकर यूजर अपना मोबाइल नंबर और टेलीकॉम ऑपरेटर चुन सकता है। चाहें तो कॉन्टैक्ट लिस्ट से भी नंबर सेलेक्ट किया जा सकता है। इसके बाद उपलब्ध रिचार्ज प्लान में से किसी एक को चुनकर पेमेंट ऑप्शन से भुगतान करना होगा।
इस सुविधा की खास बात यह है कि यूजर्स बिना ऐप छोड़े ही चैटिंग करते-करते रिचार्ज कर सकते हैं। यह फीचर WhatsApp को एक मल्टी-फंक्शनल प्लेटफॉर्म की दिशा में आगे बढ़ाता है, जहां मैसेजिंग के साथ-साथ पेमेंट और अन्य सेवाएं भी एक ही जगह पर मिल रही हैं।